अनुनाद

कविता

दहलीज़ ३ : बेर्टोल्ट ब्रेख्त की कविता- “एक चीनी शेर की नक्काशी को देखकर “

तुम्हारे पंजे देखकरडरते हैं बुरे आदमी तुम्हारा सौष्ठव देखकरखुश होते हैं अच्छे आदमी यही मैं चाहूँगा सुननाअपनी कविता के बारे में

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दहलीज़ 2 : काव्य-कला – खोर्खे लुइस बोर्खेस / मूल स्पानी से अनुवाद : प्रभाती नौटियाल

हमारे सहलेखक पंकज चतुर्वेदी अनुनाद पर एक स्तम्भ शुरू कर रहे हैं। यह विशेष रूप से नए लेखकों के लिए है।

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एक गड़बड़ कविता ……..

दोस्तो / पाठको ! ये एक पुरानी कविता है, जिसे अपनी उलझनों के कारण एक पत्रिका में मैंने छपते छपते रोक

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सीमा यारी की कुछ और कवितायें …अनुवाद एवं प्रस्तुति: यादवेन्द्र

सीमा यारी की एक प्रेमकविता यादवेन्द्र जी पहले अनुनाद पर लगा चुके हैं। आज प्रस्तुत हैं कुछ और कविताएं। अनुवाद यादवेन्द्र

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